नायिका हो तुम
– अचला श्रीवास्तव चांद सी शीतल, सूर्य का तेज हो तुम।पर्वत सी अचल, सरिता का वेग हो तुम।।कभी पुष्प सी कोमल, कभी पत्थर की कठोरता।हर गुण अपनाती, नायिका हो तुम ।। इस दुनिया में लाई हमें, जीवनदायनी हो तुम।त्रिया बनी, संघर्ष किया, जीवनसंगिनी हो तुम।।कभी बहन का दायित्व, कभी बेटी की चंचलता।हर किरदार निभाती, नायिका […]
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